शिवपुरी नगर निगम में बड़ा घोटाला गाजियाबाद के दो पूर्व अधिकारियों पर भी कार्रवाई
शिवपुरी /नगर पालिका में लंबे समय से चल रही वित्तीय संस्थानों और निवेशकों के मामलों पर बड़ी कार्रवाई की गई है। संग्रहालय प्रशासन एवं विकास संचालनालय, भोपाल ने वर्तमान सुपरमार्केट ईशान धाकड़ को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। इसके साथ ही, पूर्व के दो खिलाफ, केशव सिंह सागर और शैलेश मॅनेगल, के भी निर्देश दिए गए हैं।
कैलेक्टर की रिपोर्ट के मुताबिक, 2022 से अब तक 57.80 करोड़ रुपये के 743 निर्माण कार्य या तो बने हैं या शुरू ही नहीं हुए हैं। कुछ खास कंपनियों को तो कई महीनों तक भुगतान नहीं मिला, जबकि दो विशेष फर्मों को 11.47 करोड़ रुपये से 5.09 करोड़ रुपये का भुगतान कुछ ही महीनों में कर दिया गया।
रिपोर्ट में यह भी सामने आया कि ऑफिस में कर्मचारियों की कमी है और कई लोगों के घर पर ताला लगा हुआ है। साथ ही, 520 नाम रूपांतरण और 55 भवन निर्माण उद्यमों के मामले भी हैं। कैशबुक भी अधूरी पाई गई, जिसमें आय और व्यय का कोई स्पष्ट हिसाब नहीं था। लगभग 45 निर्माण कार्यों की दुकानें भी गायब हो गईं।
इस कार्रवाई के बाद, शिवपुरी नगर निगम में डकैती मची है, और लोग उम्मीद कर रहे हैं कि अब शिवपुरी का विकास सही दिशा में आएगा और लोग यह उम्मीद कर रहे हैं कि अब राजस्व विभाग में फर्जीवाड़े के मामले में इसी तरह के आंदोलन की जरूरत है?

Comments
Post a Comment